अपने ऊपर लगे गंभीर आरोपों पर WFI के अध्यक्ष और भाजपा नेता बृजभूषण शरण सिंह (Brij Bhushan Sharan Singh) ने कहा है कि, “सारे मामले कोर्ट के सामने हैं। सरकार ने आश्वासन भी दिया है कि 15 जून तक चार्जशीट फाइल कर दी जाएगी। चार्जशीट फाइल होने दीजिए। मुझे नहीं लगता कि मुझे अब कुछ कहना चाहिए।” बजभूषण शरण सिंह के खिलाफ महिला पहलवानों के आरोपों की जांच कर रही दिल्ली पुलिस की एसआईटी ने करीब 208 लोगों के बयान दर्ज किए हैं। सूत्रों के मुताबिक बयान में बृजभूषण के सहकर्मी, रिश्तेदार और परिवार वालों से उनके व्यवहार और बर्ताव के बारे में पूछा गया है।
एक नाबालिग पहलवान ने POCSO में बृजभूषण के खिलाफ शिकायत की थी
बता दें कि, पहलवानों ने WFI बृजभूषण शरण सिंह (Brij Bhushan Sharan Singh) पर यौन शोषण के आरोप लगाए गए हैं। जिसमें सात शिकायतकर्ताओं में एक नाबालिग पहलवान ने POCSO में बृजभूषण शरण सिंह (Brij Bhushan Sharan Singh) के खिलाफ शिकायत की थी। जिसमें उसने कहा था कि, बृजभूषण गलत तरीके से टच करता था। बाद में पीड़िता ने एफआईआर वापस ले लिया था और उसके पिता ने कहा है कि, उसने गुस्से में ऐसा किया था। अब पीड़िता ने अपने बयान में बदलाव करते हुए कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह (Brij Bhushan Sharan Singh) पर भेदभाव का आरोप लगाया है।
बृजभूषण के खिलाफ विनेश फोगाट ने छेड़खानी का आरोप लगाया
गोंडा जाकर एसआईटी ने एफआईआर में दर्ज टाइमलाइन को समझने की कोशिश की है। इसके अलावा दो बार दिल्ली पुलिस ने WFI बृजभूषण शरण सिंह (Brij Bhushan Sharan Singh) के दिल्ली आवास पर जाकर भी जांच की है क्योंकि दिल्ली में जंतर मंतर के पास मौजूद उनके आवास पर विनेश फोगाट ने छेड़खानी का आरोप लगाया था। साल 2016-17 की सीसीटीवी फुटेज निकालने की कोशिश की है, लेकिन पुरानी फुटेज का बैकअप पुलिस को अबतक नहीं मिल पाया है।
दिल्ली पुलिस दोनों ही मामलों में इसी हफ्ते में कोर्ट में स्टेटस रिपोर्ट दाखिल कर देगी। बता दें कि, ये रिपोर्ट पहले दाखिल होनी थी, लेकिन कुछ और लोगों के बयान का इंतजार किया जा रहा है जो इस हफ्ते में पूरे हो जाएंगे। कहा जा रहा है कि दिल्ली पुलिस की जांच अब लगभग पूरी हो चुकी है।