हिंदू धर्म में सुबह के समय को बहुत ज्यादा महत्वपूर्ण बताया गया है। खासतौर पर सुबह उठते ही हम सबसे पहले ईश्वर को याद करते हैं, तो पूरा दिन ही अच्छा बीत जाता है। मगर ईश्वर को याद करने के साथ-साथ अगर आप कुछ श्लोक और मंत्रों का उच्चारण करती हैं, तो यह आपके लिए और भी फायदेमंद हो सकता है। ऐसा करने पर आपका केवल दिन ही अच्छा नहीं बीतता है बल्कि आपको सुख और समृद्धि की भी प्राप्ती होती है।
ब्रह्मा मुरारी त्रिपुरान्तकारी
वामन पुराण के अध्याय 14 से लिया गया, यह श्लोक हिंदू देवताओं की त्रिमूर्ति – ब्रह्मा निर्माता, विष्णु संरक्षक, और शिव विध्वंसक – को श्रद्धांजलि देता है। इस श्लोक का पाठ एक शक्तिशाली आह्वान है जो इन दिव्य शक्तियों और प्रकृति की अन्य शक्तियों जैसे सूर्य, चंद्रमा, मंगल, बुध और बृहस्पति आदि का आशीर्वाद मांगता है।
ऐसा माना जाता है कि इन देवताओं की लौकिक भूमिकाओं को स्वीकार करने से किसी के जीवन में संतुलन और सद्भाव आ सकता है, जिससे दैनिक कार्यों और दीर्घकालिक लक्ष्यों की सुचारू प्रगति में सहायता मिलती है। यह भी कहा जाता है कि यह बुरे सपनों को नष्ट कर देता है और आपकी सुबह को और अधिक शुभ बना देता है।
कराग्रे वसते लक्ष्मी: करमध्ये सरस्वती। करमूले स्थितो ब्रह्मा प्रभाते करदर्शनम्..।।
आप अगर ब्रह्म मुहूर्त में उठते हैं तो आपको सुबह सूर्योदय होने पर इस मंत्र का उच्चारण करना चाहिए। आपको सूर्य की ओर मुंह करके, आंखे बंद करके और हाथों को जोड़ कर यह प्रर्थना करनी है कि आपके अग्रभाग में लक्ष्मी को मध्य भाग में सरस्वती का और मूल भाग में विष्णु जी का निवास हो।
यह बहुत ही शक्तिशाली मंत्र होता है और इसके नियमित उच्चारण से भाग्य का उदय होना तय होता है। इतना ही नहीं, आप एक मंत्र के माध्यम से सुख, समृरिद्ध और विद्या तीनों का वरदान मांग रहे होते हैं, जबकि इनमें से एक भी आपको प्राप्त हो जाए तो आपको सब कुछ प्राप्त हो जाता है।
‘गंगे च यमुने चैव गोदावरि सरस्वति। नर्मदे सिन्धु कावेरि जल स्मिन्सन्निधिं कुरु..’।।
इस मंत्र को भी सुबह नींद से जागते ही आपको जपना चाहिए । आप यदि ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करती हैं, तो आपको इस मंत्र का जाप जरूर करना चाहिए। इसका अर्थ होता है कि ‘हे गंगा, यमुना, गोदावरी, सरस्वती, नर्मदा, सिंधु कावेरी मैं जिस जल से स्नान कर रही हूं, उस जल में पधारिये।’ यह सभी दिव्य नदियां हैं और यदि इनके जल से आप नहाती हैं, तो आपका केवल शरीर ही नहीं बल्कि मन भी पवित्र हो जाएगा और आप पूरे दिन सारे काम अच्छे से कर पाएंगी।