Bachpan Bachao Andolan: आपको बता दें कि पूरा मामला उत्तर प्रदेश के बाँदा जिले (Banda District) के अम्बेडकर पार्क कचेहरी का है जहां पर प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए सोमवार को ग्रामीण परम्परा विकास संस्थान, चित्रकूट व कैलाश सत्यार्थी चिल्ड्रेन फाउण्डेशन (US) के सहयोग से बचपन बचाओ आन्दोलन कार्यक्रम (Bachpan Bachao Andolan) का संचालन बांदा जिले के 4 ब्लाक (बडोखर खुर्द, महुआ, नरैनी, बिसण्डा) के 50 गावों में किया जा रहा है।
बचपन बचाओ आन्दोलन कार्यक्रम (Bachpan Bachao Andolan) के अन्तर्गत बाल विवाह, बाल तस्करी, बाल श्रम, बाल यौन शोषण इत्यादि मुद्दों पर कार्य किया जा रहा है। जिसके अन्तर्गत अभिभावको को जागरुक कर बच्चों को शिक्षा से जोडना व बाल विवाह की रोकथाम करना, यौन शोषण से पीडित बच्चों को न्याय दिलाना व सरकारी योजनाओं से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है। बच्चे हमारे देश का भविष्य होते है और उपरोक्त बुराईयों को दूर करने में बच्चों का योगदान बहुत महत्वपूर्ण है। इसलिए स्कूलों में बच्चों को जागरुक करना, बच्चों के साथ रैली निकालना इत्यादि कार्य किया जा रहा है। इसके साथ ही समुदाय में बाल विवाह न करने और न ही किसी भी प्रकार से बाल विवाह में सम्मिलित होने के लिए शपथ दिलाई जाती है।
गाँव के फ्रंटलाईन वर्कर जैसे ग्राम प्रधान, आंगनवाडी कार्यकर्ता, आशा बहु, ए०एन०एम०, शिक्षक व धर्मगुरुओं के साथ समन्वय स्थापित कर बाल विवाह को
जड से समाप्त करने के लिए कार्य किया जा रहा है। गाँव / समुदाय में लोगों को जागरुक किया जाता है कि बाल विवाह एक कानूनी अपराध है। बाल विवाह करने वाले व बाल विवाह में किसी भी प्रकार से सम्मिलित होने वाले व्यक्ति (पुजारी, मौलवी, टेंट वाला, कैटरर इत्यादि) भी जेल जा सकते हैं।
इसके साथ ही लोगों को बताया जाता है कि यदि आपके आस-पास बाल विवाह, बाल श्रम, बाल तस्करी या बाल यौन शोषण की घटना हो रही है तो आप तुरन्त नेशनल इमरजेंसी हेल्पलाईन नम्बर 112, चाईल्ड हेल्प लाईन नम्बर 1098 पर या ग्रामीण परम्परा विकास संस्थान के मो० नं० 9935176480, 8172984209 पर तत्काल सूचना दें। आपका नाम व मो० नं० गोपनीय रखते हुए पीडित बच्चे को त्वरित सहायता प्रदान की जाएगी। इसके साथ-साथ जिला स्तर पर जिला बाल संरक्षण इकाई, बाल कल्याण समिति, स्वास्थ्य विभाग, श्रम विभाग, शिक्षा विभाग, पुलिस इत्यादि के साथ समन्वय स्थापित कर बच्चों के संरक्षण, सुरक्षा, पुर्नवास व सरकारी योजनाओं से जोडने हेतु कार्य किया जा रहा है।