Rampur News: हापुड़ कांड के विरोध में वकील तीन दिन की हड़ताल पर चले गए है। हड़ताल के पहले दिन वकीलों ने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन में वकीलों पर लाठीचार्ज करने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करने की भी मांग की। साथ ही वकीलों पर हो रहे हमलों को रोकने की मांग रखी है।
वही हापुड़ कांड के विरोध में यूपी बार काउंसिल ने विरोध प्रदर्शन का एलान किया था। काउंसिल की ओर से प्रदेश भर में तीन दिन की हड़ताल की घोषणा की गई है। इसी क्रम में रामपुर के वकीलों ने भी अपना विरोध किया। बार एसोसिएशन के बैनर तले जुटे वकीलों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। इसके बाद वकीलों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को दिया।
मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन में कहा कि हापुड़ में वकीलों पर बर्बर तरीके से लाठीचार्ज किया, जिसमें कई वकील घायल हो गए। इस मसले को लेकर पुलिस प्रशासन की ओर से अभी तक दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने हापुड़ के डीएम व एसपी का तबादला करने, दोषी पुलिस कर्मियों पर मुकदमा दर्ज करने की मांग की। इसके साथ ही अधिवक्ताओं पर हो रहे झूठे मुकदमों को वापस लेने की मांग रखी।
सम्बोधित ज्ञापन में आगे कहा कि इसके साथ ही एडवोकेट्स प्रोटेक्शन एक्ट पारित करने और उसे तुंरत लागू करने की मांग की। इस मौके पर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष श्याम लाल, महासचिव अशोक कुमार पिप्पल, जमुना प्रसाद लोधी, विनीत सक्सेना, जाहिद खां, सिराज खां आदि मौजूद रहे। दूसरी ओर लायर्स एसोसिएशन से जुड़े अधिवक्ताओं ने भी न्यायिक कार्य से विरत रहकर प्रदर्शन किया। साथ ही नारेबाजी कर ज्ञापन दिया। इस मौके पर अध्यक्ष सैयद जफर अली मियां, महासचिव दिनेश चंद्र चौरसिया आदि मौजूद रहे।
वही वकीलों के विरोध प्रदर्शन कार्यक्रम को देखते हुए पुलिस व प्रशासनिक अमला सतर्क रहा। कचहरी परिसर से लेकर कलक्ट्रेट तक पुलिस बल तैनात किया गया था। इसके साथ ही यहां पर सीओ अरुण कुमार सिंह के साथ ही तीनों थानों की पुलिस मौजूद रही। इसके साथ ही पीएसी के जवान भी मौजूद रहे।
जहाँ प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा वीडियो बनाए जाने पर वकीलों की पुलिस कर्मियो से जमकर नोकझोंक हुई। वकीलों ने इस पर आपत्ति जताते हुए वकीलों से पुलिस कर्मियों की वीडियो बनाने को कहा। इसी बात को लेकर काफी देर तक नोकझोंक होती रही। बाद में अफसरों ने किसी तरह मामला शांत कराया।
बार एसोसिएशन ने तीन दिन की हड़ताल के दौरान काम करने वाले अधिवक्ताओं पर पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाने की घोषणा की है। महासचिव अशोक पिप्पल के मुताबिक, हड़ताल के दौरान यदि कोई वकील काम करता हुआ पाया जाता है तो उस पर पांच हजार रुपये जुर्माना लगाया जाएगा। बुधवार को वकीलों की वर्चुअल मीटिंग होगी।