उत्तर प्रदेश के कानपुर में, दिल्ली में कंझावला मामले के समान एक घटना हुई। कानपुर के फजलगंज मोहल्ले में रविवार की रात, रोहन नाम के युवक ने स्कूटी सवार दो छात्राओं को कार से टक्कर मार दी। फिर स्कूटी को घसीटने लगा। घसीटते समय दोनों छात्राएं अलग होकर सड़क पर गिर गई। पुलिस ने आरोपी का पता लगा लिया है।
बताया जा रहा है कि रोहन गोविंदपुरी पुल के ऊपर तेज रफ्तार से जा रहा था। इसी दौरान कौशिकी और परिधि नाम की दो छात्राएं अपनी स्कूटी से जा रही थी। रोहन की कार ने उनकी स्कूटी में टक्कर मारी। इसके बाद स्कूटी कार में फंस गई। रोहन कार रोकने की बजाय स्कूटी को घसीटते हुए चला जा रहा था।
अच्छा हुआ कि कुछ दूर चलने के बाद ही दोनों छात्राएं स्कूटी से अलग होकर सड़क पर गिर गई। इस दौरान इलाके के लोगों ने कार को स्कूटी को घसीटते हुए देख लिया तो कार का पीछा शुरू किया और फिर कार को रोक लिया। भीड़ इतनी आक्रोशित थी कि वह किसी भी तरह कार चलाने वाले रोहन को मारना चाहती थी, लेकिन ऐन वक्त पर पुलिस आ गई।
भीड़ से बचाकर पुलिस रोहन को फजलगंज थाने ले गई। इस दौरान लोगों ने घायल छात्राओं को मरियमपुर हॉस्पिटल में इलाज के लिए भर्ती करा दिया, जहां उनके परिवार वाले भी आ गए। छात्राओं को कोई गंभीर चोट तो नहीं लगी। उनके हाथ-पैर में खरोंचे ज्यादा आ गई है। फजलगंज पुलिस का कहना है कि परिजन छात्राओं के इलाज कराने में लगे है।
पुलिस के मुताबिक, अभी उन्होंने कोई लिखित तहरीर नहीं दी है। परिजनों की शिकायत के अनुसार ही कार चलाने वाले रोहन पर कार्रवाई की जाएगी। हालांकि रोहन यह सफाई दे रहा था कि, “स्कूटी खुद गाड़ी के आगे फंस गई थी। मैंने ज्यादा दूर तक उसको घसीटा नहीं था”।