Hardoi News: डिप्टी सीएम बृजेश पाठक के गृह जनपद में अवैध हॉस्पिटलों की भरमार है। सीएमओ की मेहरबानी के चलते मानक विहीन हॉस्पिटलों का रजिस्ट्रेशन किया जा रहा है। जहां पर मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ होता है। शिकायत के बावजूद भी स्वास्थ्य विभाग के सीएमओ के द्वारा कार्रवाई नहीं की जाती है और नोडल ऑफिसर की को बचाओ नीति के चलते शिकायत करता हूं की शिकायत पर अमल नहीं किया जा रहा है।
जनपद में सैकड़ो की संख्या में अवैध अस्पताल व क्लिनिक चलाए जा रहे हैं इन झोलाछाप डॉक्टरों के द्वारा दवा लेने आए मरीजों को सिर्फ मौत बांटने का कार्य किया जा रहा है। ताजा मामला हरदोई की बेनीगंज बाजार टोला का हे जहां पर अवैध तरीके से डिलीवरी सेंटर चलाया जा रहा है। झोलाछाप दी गोमती के द्वारा यहां पर कई वर्षों से अवैध क्लिनिक चलकर तीमारदारों से मोटी रकम वसूलने का कार्य किया जाता है।
इसकी शिकायत पूर्व में भी स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारियों से की गई थी लेकिन विभागीय मिलीभगत के चलते किसी भी प्रकार की कोई कार्रवाई नहीं की गई थी। विकासखंड कोठवा के जानकी नगर गांव निवासी रंजीत ने मंगलवार को अपनी पत्नी की डिलीवरी के सीएचसी पर लेकर गया था। जहां के डॉक्टरों ने ऑपरेशन की स्थिति देखते हुए हरदोई के मेडिकल कॉलेज में रेफर किया था लेकिन आशा की मिली भगत से हरदोई मेडिकल कॉलेज ना ले जाकर रंजीत की पत्नी को अभी तरीके से चल रहे क्लीनिक पर ले जाकर उसको भर्ती करवा दिया गया था। जहां पर झोलाछाप दी गोमती देवी के द्वारा उसका इलाज शुरू कर दिया गया और उससे 20,000 रूपए की रकम वसूली गई जहां पर प्रसाद के दौरान बच्चों की मौत हो गई।
स्वास्थ्य विभाग के आल्हा अधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि मामला उनके संज्ञान में नहीं है। जबकि पीड़ित ने आरोप लगाते हुए बताया कि हमारे द्वारा लिखित शिकायती पत्र स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी व हरदोई के पुलिस को दी गई है, लेकिन हरदोई पुलिस के द्वारा तो जांच करने के बाद कहीं जा रही है लेकिन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने मामले को संज्ञान में भी नहीं लिया हुआ है। अब सवाल या उठना है कि जनपद में चल रहे सैकड़ो की संख्या में अवैध क्लिनिक को पर स्वास्थ्य विभाग मेहरबान रहेगा या मानक विहिन हॉस्पिटलों पर कार्रवाई करेगा।