ब्रिटिश प्रधानमंत्री ऋषि सुनक (Rishi Sunak) इज़राइल पहुंच गए हैं। वे यहां अपने समकक्ष पीएम बेंजामिन नेतन्याहू (Benjamin Netanyahu) से मुलाकात करेंगे। इस दौरान उनसे भी यह उम्मीद की जाएगी कि वे गाजा को जल्द मानवीय सहायता पहुंचाएं। सुनक की यात्रा अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन (Joe Biden) की यात्रा के ठीक एक दिन बाद हो रही है। क्योंकि जो बाइडेन और ब्रिटिश पीएम सुनक जैसे वैश्विक नेता इस कोशिश में जुटे हुए हैं कि हमास के साथ इजराइल के संघर्ष की आग व्यापक न हो जाए। नहीं तो बड़ी जंग की शक्ल ले सकती है।
पीएम ऋषि सुनक (Rishi Sunak) यहां युद्ध के दौरान अब तक मारे गए नागरिकों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करेंगे। यात्रा से पहले प्रधानमंत्री ने सुनक कहा, ‘हर नागरिक की मौत एक त्रासदी है।’ उन्होंने कहा कि ‘हमास के आतंक के भयानक कृत्य के बाद बहुत से लोगों की जान चली गई है।’ इस सप्ताह की शुरुआत में ऐसी खबरें आई थीं कि ब्रिटिश पीएम सुनक इजराइल की अपनी पहली यात्रा पर जाएंगे, लेकिन बुधवार शाम तक उनकी यात्रा को लेकर पुष्टि नहीं हो पाई थी। इस बीच, विदेश सचिव जेम्स क्लेवरली आने वाले दिनों में इज़राइल और गाजा में शांतिपूर्ण समाधान के लिए समर्थन मांगने के लिए मिस्र, तुर्की और कतर के नेताओं से मिलेंगे।
ब्रिटिश पीएमओ ऑफिस के प्रवक्ता ने बुधवार को बताया था कि इजरायल पर हमास के हमले के बाद से 7 ब्रिटिश नागरिक मारे गए और 9 लापता हैं। पीएम ऋषि सुनक की यात्रा के अलावा ब्रिटिश विदेश सचिव जेम्स क्लेवरली संघर्ष पर चर्चा करने और शांतिपूर्ण समाधान की तलाश के लिए अगले तीन दिनों में मिस्र, तुर्की और कतर की यात्रा करेंगे।
इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन इजराइल की यात्रा पर तेल अवीव पहुंचे थे। यहां उन्होंने इजराइल का समर्थन किया और गाजा के अस्पताल में रॉकेट हमले से हुई मौत के लिए आतंकी संगठन को जिम्मेदार ठहराया था और इजराइल को क्लीन चिट दी थी। जो बाइडेन ने वापस अमेरिका पहुंचने से पहले संवाददाताओं को बताया कि वे गाजा में मानवीय मदद पहुंचाएंगे। इसके लिए मिस्र के राष्ट्रपति से बातचीत हुई। मिस्र बॉर्डर से 20 ट्रक सहायता सामग्री के पहुंचाए जाएंगे। अमेरिका के कहने पर इजराइल के पीएम नेतन्याहू ने गाजा में मानवीय सहायता के लिए हामी भरी।