उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में रेलवे स्टेशन से लेकर गांधी पार्क चौक तक पटरी दुकानदारों को नगर पालिका द्वारा हटाए जाने पर पटरी दुकानदार लगभग 3 सप्ताह से जिलाधिकारी समेत उच्च अधिकारियों को पत्र देकर अपनी दुकान लगाने की मांग कर रहे हैं। ताकि अपना जीवन यापन कर सके।
वही इस मामले को लेकर बलिया नगर पालिका से नवनिर्वाचित चेयरमैन संत कुमार गुप्ता ने कहा कि सबसे बड़ी समस्या पटरी दुकानदारों की है पहले उनकी इनकम टैक्स की जांच हो। मैं उनकी आय की संपत्ति का 5 पॉइंट है कहेंगे तो मैं भेज दूंगा आप पढ़ लीजिएगा अपनी संपत्ति का ब्यौरा दे कभी किसी योजना में एलॉटमेंट है तो उसका भी दे इन लोगों के नाम से कुछ दुकानें एलॉटमेंट थी। तभी मैं उनके बारे में सोचूंगा।
पटरी दुकानदारों के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष अशोक कुमार गुप्ता ने बताया कि पटरी दुकानदारों के साथ 18 दिनों से उत्पीड़न किया जा रहा है। पटरी दुकानदार भुखमरी के कगार पर पहुंच चुके हैं। पटरी दुकानदारों के लिए शासन से भी कानून बने हैं। नगर पालिका द्वारा उसका सीधे धज्जियां उदय जा रहा है। तानाशाही रवैया अपनाया जा रहा है। सरकार को बदनाम किया जा रहा है प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर के तहत 10,000 लोन दिया जा रहा है। तो उन्हीं के जनप्रतिनिधि इसका दुरुपयोग कर रहे हैं और पटरी दुकानदारों को दुकान नहीं लगाने दिया जा रहा है। अगर इस पर कार्रवाई नहीं किया गया तो संगठन द्वारा आमरण अनशन किया जाएगा।
बलिया नगर पालिका से नव निर्वाचित चेयरमैन संत कुमार गुप्ता ने कहा कि सबसे बड़ी समस्या पटरी दुकानदारों की है। आप अध्ययन करें उनकी इनकम टैक्स की जांच हो ऐसा थोड़ी होगा पटरी पर कौन रहेगा। लाल कार्ड किसको देना है यह आप और मैं डिसाइड नहीं करेंगे। यह डिसाइड आपकी है आप कहो कि संपत्ति लेकर ठेला चलवाएंगे। ऐसा नहीं होगा मैं उनकी आय की संपत्ति का 5 पॉइंट है कहेंगे तो मैं भेज दूंगा आप पढ़ लीजिएगा अपना संपत्ति का ब्यौरा दे कभी किसी योजना में इनका एलॉटमेंट है तो उसका भी दे इन लोगों के नाम से कुछ दुकानें एलॉटमेंट थी। तभी मैं उनकी बारे में सोचूंगा।